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उन्नाव बीघापुर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर मरीजों के साथ लापरवाही अब आम बात हो गई है।

Jun 13, 2019
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रिपोर्ट, रिपोर्टर मनोज सिंह ,



बीघापुर उन्नाव । बीघापुर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर मरीजों के साथ लापरवाही अब आम बात हो गई है इसी लापरवाही के कारण पूर्व में जच्चा-बच्चा की मौत भी हो चुकी है परंतु लापरवाह जिम्मेदारों का आज तक बाल बांका भी नहीं हो सका कई शिकायतें हुई परंतु हर शिकायत के बाद जांच में लापरवाह लोग हरिश्चंद्र साबित हुए ।


बीघापुर डाकघर में एमपी एस पद पर तैनात आरके तिवारी ने मुख्यमंत्री पोर्टल पर बीघापुर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के कारनामों की शिकायत की है आरके तिवारी ने बताया सोमवार को मेरी पत्नी रानी तिवारी की दोपहर में अचानक तबीयत खराब हो गई उन्हें लेकर बीघापुर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र गए जहां पर डॉक्टरों द्वारा वार्ड में भर्ती तो कर लिया गया परंतु दोपहर में भीषण गर्मी थी जिससे मरीज की हालत और भी खराब होने लगी वार्ड में लगे पंखे चलाने के लिए डॉक्टर पंकज पांडे से कहा तो उन्होंने कहा बिजली ही नहीं आती और कोई व्यवस्था ही नहीं है तो क्या किया जाए जबकि वह जहां बैठे थे वहां पंखा चल रहा था जहां पर मरीज भर्ती था उस कमरे में उजाला भी पर्याप्त नहीं था।

अब ऐसे में सवाल उठता है कि सरकार की घोषणाएं सिर्फ कागजी हैं या फिर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर 10 सालों से अधिक समय से तैनात प्रभारी चिकित्सा अधिकारी पंकज पांडे सरकार की लुटिया डुबोने में लगे हैं अब उनके यह कारनामे जांच का विषय है परंतु हर बार की तरह जांच में इस बार भी प्रभारी चिकित्सा अधिकारी को हरिश्चंद्र ही साबित होना है।

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